सावन का दूसरा सोमवार, शिवालयों में आस्था का सैलाब, मनकामेश्वर मंदिर में ड्रेस कोड लागू


Kanwar Yatra 2025 Live: सावन माह के दूसरे सोमवार को उत्तर प्रदेश के प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं का भारी सैलाब उमड़ पड़ा है. भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए शिवभक्तों की लंबी कतारें मंदिरों में सुबह से ही देखी जा रही है. जगह-जगह बोल बम के जयकारे गूंजते रहे और शिवालयों में भक्ति, आस्था और उल्लास का माहौल छाया हुआ है.

प्रयागराज के मनकामेश्वर मंदिर में ड्रेस कोड लागू

प्रयागराज के मनकामेश्वर मंदिर, सोमेश्वर महादेव, पड़िला महादेव, नागवासुकी, तक्षक तीर्थ और दशाश्वमेध मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी हुई है. खास बात यह है कि मनकामेश्वर मंदिर में पूजा अर्चना के लिए इस बार पहली बार ड्रेस कोड लागू किया गया है. पुरुषों को धोती-कुर्ता और महिलाओं को साड़ी या सलवार-सूट पहनकर ही रुद्राभिषेक करने की अनुमति दी गई है. मंदिर प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं को निशुल्क धोती भी उपलब्ध कराई जा रही है. प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और तमाम प्रमुख मंदिरों पर पुलिस बल तैनात किया गया है.

इस बार सावन में चार सोमवार और प्रदोष पड़ रहे हैं. आज दूसरा सोमवार इसके बाद तीसरा सोमवार 28 जुलाई और चौथा सोमवार 4 अगस्त को पड़ेगा. वहीं सावन के महीने में इस बार प्रदोष 22 जुलाई और 6 अगस्त को पड़ेंगे. 23 जुलाई को सावन माह की शिवरात्रि है. जबकि नाग पंचमी का पर्व 29 जुलाई को मनाया जाएगा. 9 अगस्त श्रावणी उपकर्म यानि रक्षाबंधन के त्यौहार के साथ सावन मास का समापन होगा.

बरेली के कछला धाम में आस्था का सैलाब

सावन माह के दूसरे सोमवार को बाबा भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए नाथनगरी बरेली से एक लाख से अधिक शिवभक्तों ने कछला धाम की यात्रा की. श्रद्धालुओं ने भोलेनाथ की जयकारों के साथ पैदल यात्रा करते हुए कछला धाम पहुंचकर जलबाभिषेक किया. सोमवार को शिवालयों में जल चढ़ाने का विशेष महत्व होता है, इसी परंपरा का पालन करते हुए भक्तों ने आस्था और श्रद्धा के साथ भगवान शिव का अभिषेक किया. यात्रा के दौरान कांवड़ मार्ग पर प्रशासन द्वारा सुरक्षा और सुविधाओं की विशेष व्यवस्था की गई थी. जगह-जगह भंडारे, स्वास्थ्य शिविर और विश्राम स्थल बनाए गए, जिससे भक्तों को किसी प्रकार की असुविधा न हो.बरेली से लेकर कछला धाम तक के रास्ते में “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा.

बाराबंकी लोधेश्वर महादेवा में 5 लाख से ज्यादा श्रद्धालु

बाराबंकी के लोधेश्वर महादेवा मंदिर में सावन की सोमवारी पर अभूतपूर्व श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी. यहां हर साल किन्नर समाज भी विशेष भंडारा आयोजित करता है. इस बार महादेवा कॉरिडोर परियोजना को लेकर किन्नर समाज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को शुभकामनाएं दीं. डीएम शशांक त्रिपाठी के अनुसार, मंदिर में 5 लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंचने की संभावना है। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं.

दूधेश्वरनाथ मंदिर में जयकारों की गूंज
गाजियाबाद के प्राचीन दूधेश्वरनाथ मठ मंदिर में देर रात से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं. मान्यता है कि यहां स्वयंभू शिवलिंग प्रकट हुआ था और रावण सहित उनके पिता भी यहीं पूजा करते थे. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं रविवार को मंदिर पहुंचकर पूजा अर्चना की थी.
दूधेश्वरनाथ मंदिर को लेकर भी कॉरिडोर योजना प्रस्तावित है, जिसे शीघ्र ही अमलीजामा पहनाया जाएगा.

सावन माह के पवित्र अवसर पर कांवड़ यात्रा के दौरान उत्तर प्रदेश भर में भक्तिभाव का अद्भुत दृश्य देखने को मिल रहा है. बरेली में जिलाधिकारी सहित तमाम प्रशासनिक अधिकारियों ने कांवड़ियों की सेवा कर मिसाल पेश की. डीएम सहित अधिकारियों ने पुष्पवर्षा कर कांवड़ियों का स्वागत किया और अपने हाथों से भोजन भी परोसा. साथ ही सोमवार को कांवड़ यात्रा के मद्देनजर दिल्ली और बदायूं रोड पर पड़ने वाले पांच किलोमीटर क्षेत्र में सभी स्कूल-कॉलेजों को बंद रखने का आदेश जारी किया गया है.

काशी विश्वनाथ धाम में शिवभक्ति चरम पर

सावन के दूसरे सोमवार को श्री काशी विश्वनाथ धाम में लाखों श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन किए. मंगला आरती के साथ दर्शन शुरू हुए. इस दौरान सीईओ विश्व भूषण मिश्रा ने श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया, जिससे माहौल भक्ति और उल्लास से भर गया.

हरिद्वार के दक्षेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों का तांता

सावन माह के दूसरे सोमवार पर शिवभक्ति चरम पर है. विभिन्न शिवालयों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. हरिद्वार स्थित कनखल के प्रसिद्ध दक्षेश्वर महादेव मंदिर में भी भक्तों का तांता लगा रहा. स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ-साथ हजारों की संख्या में पहुंचे कांवड़िए भगवान शिव का जलाभिषेक कर पुण्य अर्जित कर रहे हैं.

मौत की झपकी ले गई जान

दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसे में एक कांवड़ियों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हो गए. नोएडा निवासी आकाश बिष्ट (20) बाइक चलाते समय झपकी के चलते डिवाइडर से टकरा गया. हादसा भोजपुर टोल प्लाजा के पास हुआ. घायलों को सुभारती मेडिकल कॉलेज, मेरठ भेजा गया, जहां आकाश को मृत घोषित किया गया.

वहीं अमरोहा के गजरौला क्षेत्र में ब्रजघाट डांक कांवड़ लेने जा रहे संभल जनपद के तीन कांवड़िए सड़क हादसे के शिकार हो गए. जिसमें दो की मौत हो गई और एक गंभीर रूप से घायल है. हादसे से कांवड़ मार्गों पर यातायात सुरक्षा की चुनौती बढ़ी है.

रायबरेली में कानून व्यवस्था के लिए प्रशासनिक फेरबदल

रायबरेली में कांवड़ यात्रा के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एसपी डॉ. यशवीर सिंह ने पुलिस महकमे में तबादले किए हैं. कुल 8 उपनिरीक्षकों और 14 आरक्षियों का ट्रांसफर कर उन्हें अलग-अलग क्षेत्रों में तैनात किया गया है, ताकि यात्रा के दौरान किसी भी स्थिति से निपटा जा सके.

एटा एसएसपी श्याम नारायण सिंह खुद उतरे मैदान में

एटा में एसएसपी श्याम नारायण सिंह और अन्य वरिष्ठ अधिकारी कांवड़ रूट पर खुद उतरकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर रहे हैं. उन्होंने कई भंडारों और स्वास्थ्य शिविरों का जायजा लिया और घायल कांवड़ियों को तत्काल इलाज मुहैया कराया. कासगंज रोड पर बाइक के फिसलकर घायल हुए कांवड़ियों की दो घटनाओं में घायल कांवड़ियों को अस्पताल भेजा गया. सभी थानों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और सीओ स्तर के अधिकारियों को पेट्रोलिंग के निर्देश दिए गए हैं. वहीं एसएसपी श्याम नारायण सिंह ने कांवड़ियों के ऊपर पुष्प वर्षा की.