जयपुर। परिवहन एवं सड़क सुरक्षा विभाग ने प्रदेशभर में सड़क सुरक्षा को लेकर अब कवायद तेज कर दी है। प्रदेश में पुलिस के संसाधन मजबूत कर प्रवर्तन कार्यों को बढ़ावा देने, चिकित्सा संसाधनों को भी रोड सेफ्टी फंड से मजबूत किया जाएगा।
इस कार्य के लिए परिवहन विभाग ने शिक्षा, पुलिस, चिकित्सा विभाग को करीब 100 करोड़ फंड दिया है। प्रदेश में पुलिस अब प्रवर्तन की कार्रवाई के साथ ही हादसे होने की स्थिति में मरीज को बेसिक लाइफ सपोर्ट देने और घायलों की तत्परता से मदद करेगी। वहीं प्रदेश के ट्रॉमा सेंटर्स के संसाधनों को सुधारा जाएगा। परिवहन एवं सड़क सुरक्षा विभाग के सड़क सुरक्षा प्रकोष्ठ के पास करीब 100 करोड़ रुपए का सालाना फंड उपलब्ध रहता है। इस बार इसका अधिकांश हिस्सा चिकित्सा संसाधनों को सुदृढ़ करने और पुलिस के संसाधन बढ़ाते हुए उसके प्रवर्तन कार्यों को बढ़ावा देने पर खर्च किया जाएगा। परिवहन विभाग की पिछले दिनों हुई मीटिंग में सड़क सुरक्षा प्रकोष्ठ के100 करोड़ से अधिक फंड के उपयोग और क्रियान्विति पर मुहर लगा दी गई है। इसकी सबसे अधिक राशि पुलिस को व चिकित्सा विभाग को मुहैया कराई जाएगी। वहीं परिवहन उड़नदस्तों को हाईटेक करने के लिए भी कैमरे खरीद के लिए फंड दिया जाएगा।
आटोमेटेड ड्राइविंग ट्रैक का होगा निर्माण
सड़क सुरक्षा के लिए प्रति आरटीओ 5 लाख, प्रति डीटीओ 2 लाख का बजट दिया गया है। बारां डीटीओ में 37 लाख की लागत से आॅटोमेटेड ड्राइविंग ट्रैक निर्माण, जिला कलक्टर सांचौर के प्रस्ताव पर 55 लाख से 2 क्रेन दी जाएंगी। परिवहन उड़नदस्तों के लिए 10 बॉडी वोर्न और 2 व्हीकल माउंटेड कैमरे, अधीक्षण अभियंता शाहपुरा की ओर से स्कूलों के सामने दिशा सूचक बोर्ड, स्पीड ब्रेकर लगाने के कार्य होंगे।
ऐसे खर्च होगी राशि
पुलिस के लिए 10 करोड़ की राशि से 50 हाईवे पेट्रोलिंग वाहन, 26 करोड़ रुपए से 100 इंटरसेप्टर मय उपकरण, ओवरस्पीडिंग रोकने को 100 नाइट विजन युक्त हैंड हैल्ड स्पीड गन, पुलिस को 100 मोटरसाइकिल, 500 ब्रैथ एनालाइजर खरीदे जाएंगे। साथ ही 200 पुलिस थानों में जवानों को बेसिक लाइफ सपोर्ट ट्रेनिंग दी जाएगी। आरयूएचएस मेडिकल कॉलेज जयपुर में स्किल लैब की स्थापना होगी। वहीं 6.5 करोड़ करोड़ रुपए की लागत से जोधपुर के मथुरादास माथुर चिकित्सालय में न्यूरो सर्जरी ओटी, 1.41 करोड़ की लागत से कांवटिया अस्पताल जयपुर के लिए ट्रोमा सेंटर उपकरण, 23 करोड़ की लागत से एसएमएस अस्पताल जयपुर में रिहेबिलिटेशन एवं रिसर्च सेंटर, 7.07 करोड़ से एसएमएस के ट्रॉमा सेंटर में सिविल, इलेक्ट्रिक कार्य, 9.77 करोड़ से विभिन्न जिलों में सड़कों के ब्लैक स्पॉट सुधारे जाएंगे। वहीं 9.18 करोड़ से उच्च माध्यमिक स्कूलों में सड़क सुरक्षा जागरूकता, पोस्टर, स्लोगन, पेंटिंग, जागरुकता प्रतियोगिताएं होंगी। इसी प्रकार जयपुर ग्रामीण, बारां, जोधपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, झुंझुनूं में ब्लैक स्पॉट हटेंगे।
