स्कूल भवन को रिपेयर कराया फिर भी खस्ताहाल, छात्र-छात्राएं परेशान

शाहाबाद। उपखंड मुख्यालय शाहाबाद क्षेत्र के भीलखेड़ा माल ग्राम पंचायत के घोघरा में राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय संचालित है। जिसमें मात्र एक  अध्यापक द्वारा पढ़ाई कराई जाती है जबकि उक्त विद्यालय भवन बिल्कुल जर्जर अवस्था में हैं। इसकी शिकायत कई बार गांव के लोगों द्वारा एवं स्टाफ द्वारा उच्च अधिकारियों से की गई उच्च अधिकारियों द्वारा  विद्यालय की मरम्मत आदि का कार्य किसी बारा  के ठेकेदार को दे दिया गया 2023 में कराया गया था परंतु हालत जस के तस बने हुए हैं

मरम्मत के बाद भी टपकता है पानी
गांव के कुबेर सिंह मजबूत सिंह, राधेश्याम जसराम आदि ने बताया कि विद्यालय की गुणवत्ताहीन मरम्मत के चलते बच्चों को टपकती हुए कमरों में बैठने को मजबूर होना पड़ रहा है। जिस ठेकेदार द्वारा गुणवत्ताहीन मरम्मत कराई गई है उसे ब्लैक लिस्ट किया जाना चाहिए विद्या के मंदिर में घटिया मरम्मत कर दी गई जो बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है जब सरकार द्वारा उच्च गुणवत्ता पर कार्य करने का पैसा दिया जाता है तो फिर यह गुणवत्ताहीन मरम्मत करने वालों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की जाती जिला कलेक्टर से लोगों ने मांग की है उक्त मामले की जांच कर गुणवत्ताहीन मरम्मत करने वाले के खिलाफ कार्रवाई की जाए और स्कूल की मरम्मत दोबारा से कराई जाए। 

एक शिक्षक के भरोसे स्कूल
घोघरा स्कूल में लगभग 60 बच्चे हैं, जो मात्र एक शिक्षक के भरोसे है ऐसे में सरकारी कार्य के लिए कहीं आना जाना भी पड़ता है तो बच्चों के लिए समस्या उत्पन्न होती है बच्चों की पढ़ाई लिखाई अनुशासन आदि एक ही शिक्षक की भरोसे है। गांव के लोगों ने मांग की है कि शिक्षकों की संख्या बढ़ाई जाए। जिससे बच्चों को उच्च शिक्षा मिल सके और पढ़ाई भी बाधित न हो। 

बच्चों की पढ़ाई होती है बाधित
घोघरा विद्यालय की मरम्मत का कार्य फरवरी 2023 में कराया गया था जिससे बरसात के समय में बच्चों को टपकती हुए छत के नीचे ना बैठना पड़े परंतु हालत जिसके तस बने हुए हैं और बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है एक तरफ तो सरकार द्वारा गांव-गांव में विद्यालय खोल दिए गए परंतु कहीं शिक्षक नहीं है तो कहीं पर विद्यालय जर्जर हालत में है और बच्चे टपकती छत के नीचे बैठकर पढ़ने को मजबूर हो रहे हैं जबकि सरकार द्वारा अधिक से अधिक बच्चे विद्यालय में आए इसके लिए जागरूकता अभियान आदि चलाए जाते हैं परंतु जब विद्यालय भवन ही जर्जर अवस्था में होगा तो पढ़ाई बाधित होना स्वाभाविक है। नीरज दरबार, दौलत, संतान सिंह यादव आदि ने विधायक किशनगंज विधानसभा क्षेत्र को पत्र भेजकर मरम्मत कार्य करने की और ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।

अभी मरम्मत को 11महीने ही हुए हैं ऐसे में विद्यालय भवन की छत से पानी थोड़ी ही बरसात में आ रहा है। ठेकेदार द्वारा गुणवत्ताहीन सामग्री प्रयोग कर मरम्मत कर दी गई ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई हो और मरम्मत दोबारा करवाई जाए जिला कलक्टर से मैं मांग करता हूं।
– कुबेर सिंह यादव, एडवोकेट, निवासी घोघरा।
    
विद्यालय में शिक्षकों के पद भी खाली पड़े हुए हैं। उन्हें भी भरा जाए। जिससे छात्र-छात्राओं की पढ़ाई खराब ना हो। घटिया मरम्मत करने वाले खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। 
– नीरज यादव, निवासी घोघरा।

विद्यालय भवन की मरम्मत का कार्य माह फरवरी 2023 में कराया गया था परंतु अभी भी छत से पानी आता है। कई बार इस समस्या के बारे में सभी उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया है आज 1 साल गुजर जाने के बाद भी हालात गंभीर बने हुए हैं। 
– सुनील मेहता,  प्रधानाचार्य, राजकीय प्राथमिक विद्यालय घोघरा।

विद्यालय की गुणवत्ताहीन मरम्मत कर दी गई, फिर भी भवन खस्ताहाल है। हम सभी गांव वाले जिला कलक्टर से मांग करते हैं कि विद्यालय भवन की मरम्मत कराई जाए। 
– समर सिंह, निवासी, घोघरा। 

अभी शिक्षा विभाग द्वारा डेपुटेशन और ट्रांसफर पर रोक लगी हुई है, इसलिए अभी अध्यापक नहीं लगाये जा सकते। जैसे ही रोक हटेगी तुरंत अध्यापक लगा दिए जाएंगे। स्कूल बिल्डिंग की जो मरम्मत का काम हुआ है। उसको लेकर संस्था प्रधान रमसा कार्यालय के लिए लेटर बनाकर भेजें। 
– पीयूष शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी, बारां।