Tag: Champai Soren

Exclusive: वो रूठकर गए, लेकिन उनकी बुनियाद JMM से ही… कल्पना सोरेन ने क्यों जताई जेठानी और चंपई की वापसी की उम्मीद

रांची: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (Hemant Soren) की पत्नी कल्पना सोरेन (Kalpana Soren) विधानसभा चुनाव से अपना पॉलिटिकल डेब्यू करने जा रही हैं. झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने उन्हें गांडेय सीट से उम्मीदवार बनाया है. कल्पना सोरेन ने कहा कि ‘मईयां सम्मान स्कीम’ के कारण उन्हें सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है. उन्होंने JMM को आधी आबादी (महिलाओं के वोट) का समर्थन मिलने का दावा भी किया. इस दौरान कल्पना सोरेन ने अपनी जेठानी सीता सोरेन और चंपई सोरेन की JMM में वापसी की उम्मीद भी जताई. NDTV के साथ खास इंटरव्यू में कल्पना सोरेन ने कहा, “चंपई सोरेन बड़े ... Read more

चंपई सोरेन :  पिता के साथ खेतों में हल चलाने से लेकर मुख्यमंत्री पद तक का तय किया सफर

मुख्यमंत्री के तौर पर राज्य की बागडोर संभालने वाले चंपई सातवें व्यक्ति हैं. उनसे पहले बाबूलाल मरांड़ी, अर्जुन मुंडा, शिबू सोरेन, मधु कोड़ा, रघुवर दास और हेमंत सोरेन झाऱखंड के मुख्यमंत्री रहे. शिबू सोरेन और उनके बेटे हेमंत के बाद झामुमो से मुख्यमंत्री बनने वाले वह तीसरे नेता हैं. मैट्रिक तक की पढ़ाई और कम उम्र में शादी   चंपई ने झामुमो विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैं अपने पिता (सिमल सोरेन) के साथ खेतों में काम किया करता था…अब किस्मत ने मुझे एक अलग भूमिका निभाने का मौका दिया है.” सरकारी स्कूल से मैट्रिक ... Read more

चंपई सोरेन: अलग राज्य के लिए चली लंबी लड़ाई में अपने योगदान के कारण कहे जाते हैं ‘झारखंड टाइगर’

रांची: झारखंड में सरायकेला-खरसांवा जिले के जिलिंगगोड़ा गांव में अपने पिता के साथ खेतों में काम करने से लेकर राज्य के नये मुख्यमंत्री के रूप में नाम प्रस्तावित किये जाने तक का 67 वर्षीय चंपई सोरेन का सफर काफी संघर्षपूर्ण रहा है. झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन के वफादार माने जाने वाले राज्य के परिवहन मंत्री चंपई सोरेन को 1990 के दशक में अलग (झारखंड) राज्य के लिए चली लंबी लड़ाई में योगदान देने को लेकर ‘झारखंड टाइगर’ के नाम से भी जाना जाता है. यह भी पढ़ें चंपई ने झामुमो विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद ‘पीटीआई-भाषा’ से ... Read more