Tag: playground
खेल मैदान की भूमि का आवंटन करना भूले, कैसे निखरेगी प्रतिभाएं ?
हरनावदाशाहजी। सेकुड़ के राजकीय स्कूल खेल मैदान की भूमि का आवंटन करके तहसील प्रशासन भूल गया। आवंटन के 6 वर्ष बाद भी सीमा-ज्ञान नहीं हो पाया। सीमा ज्ञान नहीं करने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। खेल मैदान के अभाव में खिलाड़ी अपने खेल को निखारने में वंचित है। जिससे प्रतिभाए आगे नहीं बढ़ पा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व में जिला कलेक्टर ने छीपाबड़ौद तहसील के ग्राम सेकुड़ के खसरा संख्या 409 में 5 बीघा भूमि का आवंटन 10 सितंबर 2018 को स्थानीय विद्यालय के खेल मैदान के लिए आवंटन किया जा चुका है। लेकिन तहसील ... Read more
लाखेरी स्कूल: अव्यवस्था की किताबें खुली, मैदान पानी-पानी
लाखेरी। बूंदी जिले के लाखेरी बस स्टैंड के समीप राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बना हुआ है, जो की काफी वर्षों से संचालित हो रहा है एवं वर्तमान में आदर्श विद्यालय की श्रेणी में आता है, किंतु शिक्षा विभाग द्वारा विद्यालय पर ध्यान नहीं देने के कारण इस विद्यालय के अंदर कई प्रकार की अव्यवस्थाएं देखी जा सकती है। इस विद्यालय में वर्तमान में 400 के लगभग छात्र व छात्राएं अध्यनरत है, इनको पढ़ाने के लिए मात्र 14 शिक्षक लगे हुए हैं, जो पर्याप्त नहीं है। इस विद्यालय में कुल 12 क्लास संचालित होती है, इस विद्यालय में सब्जेक्ट टीचर्स की ... Read more
झीकड़िया स्कूल में खड़ा ‘यमदूत’
मिश्रौली। मिश्रौली कस्बे के निकटवर्ती ग्राम पंचायत सिलेहगढ पंचायत के गाँव झीकड़िया में राजकीय प्राथमिक विद्यालय में खेलकूद मैदान में प्राचीन कुआ ंबच्चों के लिए खतरा बना हुआ है। जानकारी अनुसार मिश्रौली के ग्राम पंचायत सिलेहगढ पंचायत के गांव झीकडियां के राजकीय प्राथमिक विद्यालय के परिसर में एक प्राचीन कुआं बना हुआ है जिसके आस पास सुरक्षा दीवार भी नहीं है । यह कुआ काफी सालों पुराना है, लेकिन विद्यालय में इस कुएं के होने से कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। विद्यालय में कई बच्चें है जो पढ़ने आते है, वहीं अंतराल के दौरान खाना खाने के ... Read more
स्कूल रिपोर्ट 2: सैकडों सरकारी विद्यालयों में मौजूद नहीं खेल मैदान और लाइब्रेरी
कोटा। शिक्षा विभाग की ओर से जारी विद्यालय रिपोर्ट में कोटा के सरकारी स्कूलों में सत्र 2021-22 की तुलना में सत्र 2022-23 में विद्यार्थियों की संख्या घट गई। इसके अलावा रिपोर्ट के अनुसार कोटा में कई विद्यालय ऐसे हैं जो या तो एक शिक्षक के भरोसे हैं या एक ही कमरे में संचालित हो रहे हैं। वहीं दूसरी ओर कई विद्यालयों में आज भी आधारभूत सुविधाओं की कमी है या उपलब्ध ही नहीं है। जिले के सैंकड़ों विद्यालय आज भी लाइब्रेरी, सुलभघर, बिजली कनेक्शन, नल कनेक्शन, खेल मैदान और कम्प्यूटर लेब जैसी सुविधाओं से वंचित है। ऐसे में शिक्षा विभाग ... Read more