पवन सिंह कुंवर/ हल्द्वानी. ट्रेनी रेंजर हों या स्कूल में पढ़ने वाले छात्र, अक्सर वे उत्तराखंड के हल्द्वानी के वन अनुसंधान केंद्र में आकर औषधीय पेड़-पौधों की जानकारी लेते हैं. वन अनुसंधान केंद्र औषधीय पेड़-पौधों का हब कहलाता है और यहां कई सारे औषधीय पौधों की अलग-अलग वाटिका भी तैयार की गई हैं. स्कूल में पढ़ने वाले छात्र यहां आकर डायनासोर और जलीय पौधे से लेकर औषधीय पौधों के बारे में जानकारी लेते हैं. वहीं ट्रेनिंग कर रहे रेंजर भी यहां आकर पेड़-पौधों की जानकारी लिया करते हैं. अगर आप भी यहां आकर पेड़-पौधों के बारे में जानकारी लेना चाहते हैं, तो यहां सिर्फ 10 रुपये का टिकट लगता है. इस टिकट में आप वन अनुसंधान केंद्र में घूम सकते हैं और यहां औषधीय पेड़-पौधों से लेकर सभी पार्कों के बारे में जानकारी ले सकते हैं.
वन अनुसंधान केंद्र के वन क्षेत्राधिकारी मदन सिंह बिष्ट बताते हैं कि इस वन अनुसंधान केंद्र में हमने कई तरह की वाटिका और प्रदर्शन स्थल बनाए हैं. स्कूली बच्चे और ट्रेनिंग रेंजर्स यहां पर जानकारियां लेने के लिए पहुंचते हैं. छोटे बच्चों को जुरासिक पार्क से लेकर रामायण वाटिका और महाभारत वाटिका के बारे में जानकारी दी जाती है. वहीं अन्य को वनों से संबंधित और औषधीय पौधों के बारे में जानकारी दी जाती है. साथ ही उत्तराखंड में पेड़-पौधों की जो लुप्त प्रजातियां हैं. उनको कैसे हम लोग यहां पर संरक्षित कर रहे हैं. उनके बारे में भी उन्हें बताया जाता है. उन्होंने आगे कहा कि विद्यार्थी देश का भविष्य है. इसलिए उनके लिए औषधीय वनस्पतियों, वन्य जीवों और प्राकृतिक संसाधनों के बारे में जानना बेहद जरूरी है. यहां पर आने वाले छात्रों के लिए रामायण वाटिका, जुरासिक पार्क और महाभारत वाटिका से लेकर और भी अन्य वाटिकाएं बनाई गई हैं. साथ ही उनका कहना है कि देश के छात्र इन वाटिकाओं और पेड़ पौधों का अवलोकन जरूर करें.
विलुप्त प्रजातियों का किया जाता हैं संरक्षण
मदन बिष्ट ने बताया कि वन अनुसंधान केंद्र में रामायण वाटिका, महाभारत वाटिका, कृष्ण वाटिका, जुरासिक पार्क, जलीय पौधों का संरक्षण, रुद्राक्ष वाटिका, औषधीय पौधों की वाटिका, वन वाटिका के अलावा उन पौधों का भी संरक्षण यहां किया गया है. जो प्रजातियां विलुप्त हो गई हैं. यानी जो उत्तराखंड या पूरे भारत देश में वहां पर प्रजातियां पेड़-पौधों की नहीं मिलती हैं. वह आपको इस वन अनुसंधान केंद्र में देखने को मिलेगी और उनके बारे में आप यहां आकर जानकारी भी ले सकते हैं.
कहां है वन अनुसंधान केंद्र?
हल्द्वानी का वन अनुसंधान केंद्र रामपुर रोड पर स्थित है. यहां आने के लिए सबसे पहले आपको सुशीला तिवारी राजकीय अस्पताल आना होगा. यहां से ट्रांसपोर्ट नगर जाने वाली रोड की ओर बढ़ते हुए करीब 200 मीटर आगे जाकर आपको केंद्र मिल जाएगा.
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FIRST PUBLISHED : November 21, 2023, 14:14 IST
