Category: राजस्थान

दिल्ली का बजट माताओं-बहनों को सशक्त बनाने वाला है: अरविंद केजरीवाल

नई दिल्ली। दिल्ली के मुख्यमंत्री एवं आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने माताओं-बहनों को और सशक्त बनाने वाला बजट करार देते हुए शनिवार को कहा कि इसमें समाज के  हर तबके के लोगों का ख्याल रखा गया है। केजरीवाल ने विधानसभा में वित्त मंत्री आतिशी की ओर से पेश वार्षिक बजट 2024-25 पर चर्चा में अपनी बात रखते हुए  कहा,” बजट हमारी माताओं-बहनों को और सशक्त बनाने वाला बजट है। बजट में 18 साल से ऊपर की हर महिला को एक-एक हजार रुपए देने की घोषणा की गई है।अगर किसी घर में कई महिलाएं हैं और वे ... Read more

कागजों में खेल मैदान, हकीकत की जमीन से नदारद

कोटा। एक विद्यार्थी को स्कूल में जितनी कक्षा और प्रयोगशालाओं की आवश्यकता होती है उतनी ही खेल के मैदान की होती है। जिससे विद्यार्थी का शैक्षणिक विकास के साथ साथ शारीरिक विकास हो सके और उसकी प्रतिभा निखर सके। लेकिन कोटा के अधिकतर निजी विद्यालयों में ना तो खेल मैदान है और ना ही उसके लिए जगह। इन विद्यालयों के पास कोई विकसित खेल मैदान ना होने के बावजूद भी मान्यता मिली हुई है। ऐसे में विद्यार्थियों की न कोई शारीरिक गतिविधि होती है और ना ही कोई खेलकूद की कोई गतिविधि। वहीं शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार खेल ... Read more

अन्तरराष्टÑीय महिला दिवस विशेष : सबसे कठिन था दूध पीते बच्चे को छोड़कर जाना: ऋचा तोमर

झालावाड़। उत्तर प्रदेश के एक छोटे से गांव के किसान की बेटी ऋचा तोमर के आईपीएस आॅफिसर बनने की कहानी काफी संघर्षों भरी रही है लेकिन यही कहानी कई लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी है।  ऋचा  तोमर ने जीवन में आई सभी चुनौतियों का डटकर सामना किया। आज उनकी सफलता की कहानी से कई लोग सबक ले रहे हैं और हम सभी को सबक लेना चाहिए कि, जीवन में मुश्किलें हमें कमजोर करने के लिए नहीं, बल्कि मजबूत बनाने के लिए आती हैं। आईपीएस  ऋचा  तोमर 2016 बैच की आईपीएस हैं और  राजस्थान कैडर से आती हैं, ऋचा ... Read more

अन्तरराष्टÑीय महिला दिवस विशेष : कोई पति के निधन पर ढाबा खोल कर बच्चों की कर रही परवरिश तो कोई कर रही जन सेवा

सांगोद।  महिलाएं आज के समाज की एक अहम हिस्सा हैं, हर क्षेत्र और कार्य में महिलाएं पूरी क्षमता के साथ अपना योगदान दे रही हैं। वहीं वर्तमान परिदृश्य में महिलाएं परिवार चलाने से लेकर देश तक को बखूबी संभाल रही है। महिला दिवस को लेकर नवज्योति ने महिलाओं से खास बात की। उन महिलाओं की जो परिवार को संभालने के साथ में बिजनेस, स्कूल और संस्थाएं भी संभाल रही है। इसके अलावा अपने पारिवारिक और सामाजिक जीवन के बीच एक बेहतर सामंजस्य बना रही है।  रचना सिलाई कर बच्चों की अच्छी परवरिश कीरचना गोस्वामी( 6-7 साल से सिलाई करके पूरे ... Read more

अन्तरराष्टÑीय महिला दिवस विशेष : महिलाएं यदि ठान ले तो बहुत कुछ कर सकती हैं

बून्दी। कहा गया है कि जब व्यक्ति के दिल और दिमाग की सोच केंद्रित होकर विचार करती हैं तो सेवा का भाव प्रकट होने लगता है, फिर सकारात्मक सोच के साथ आम व्यक्ति भी सेवा के कार्य में जुड़ जाता है। धीरे धीरे यह कारवां बढ़़ता जाता हैं और लोग जुड़ते जाते है। इन सेवा कार्य से मिलने वाली आत्मसंतुष्टि ऐसे सेवाभावी लोगों को प्रतिदिन नई ऊर्जा प्रदान करती है। चाहे वह सेवा किसी प्राणी मात्र की हो, कला की हो या फिर साहित्य की हो। सेवा किसी भी रूप में हो सकती हैं, बस सेवा करने वाला शुद्ध व ... Read more

अन्तरराष्टÑीय महिला दिवस विशेष 7 : यह हैं कोटा की कमांडर, जिनके साय में महफूज शिक्षा नगरी

कोटा। निगाहों से छलके वो कतरे अब नहीं हैं उसकी पहचान…, खामोशी को छोड़ उसने छू लिया है आसमान,पथरीली राहों पर चलना अब लगता है उसे आसान, हौसला और हिम्मत ही है अब उसकी असली पहचान…लाखों परिवारों की निगेहबान हैं महिला अधिकारी  कहते हैं, बिजली चमकती हैं तो आकाश बदल देती हैं और जब आंधी उठती हैं तो दिन-रात बदल देती हैं, लेकिन जब-जब नारी शक्ति गरजती है तो, इतिहास ही बदल देती है। महिलाओं के नाम समर्पित आज के इस खास दिन पर हम आपको मिलाने जा रहे हैं, ऐसी शख्सियत से जिन्होंने अपने अदम्य साहस और कुशल नेतृत्व से कोटा ... Read more

ChatGPT की मदद से Resume बनाना पड़ सकता है महंगा, जानिए क्यों | Google Employee, Nupur Dave, ChatGPT, ChatGPT Resume | Patrika News

हाल ही में गूगल की एक्स एम्पलॉय नूपुर दवे ने चैट जीपीटी की मदद से रिज्यूमे बनाने वालों को सावधान किया। उन्होंने कहा कि इससे नौकरी मिलने की संभावनाएं कम हो सकती हैं। नूपुर ने इसके पीछे के तीन कारण बताए। आइए, जानते हैं ये 3 कारण कौन से हैं, रिज्यूमे बनाने से पहले रखें इनका ध्यान। रिक्रूटर कैसे पहचानते हैं कि रिज्यूमे चैट जीपीटी की मदद से बना है? इस सवाल के जवाब में नूपुर बताती हैं कि चैट जीपीटी जिस अंग्रेजी भाषा का इस्तेमाल करता है वो भारतीय नहीं होता है। चैट जीपीटी की भाषा किसी अमेरिकन अंग्रेजी ... Read more

Womens Day: कुसुमलता की मेहनत रंग लाई, कभी बंद होने की हालत में था स्कूल, आज दीवारें QR कोड से चहक रही हैं | Womens Day Special, Uttarkhand School, Sarkari School | Patrika News

वेतन का 10% स्कूल पर खर्ची करती हैं कुसुम (Kusum Lata Uttarakhand Teacher) कुसुमलता (Kusum Lata) उत्तराखंड सीमांत चमोली में राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय वीणा की सहायक अध्यापिका हैं। एक समय था जब ये विद्यालय, स्कूल के नाम पर, एक भवन मात्र हुआ करता था। लेकिन कुसुमलता की लगन और मेहनत ने इस स्कूल को जीवंत किया, छात्रों की संख्या बढ़ी और स्कूल का सौंदर्यीकरण हुआ। कुसुम अपने वेतन का 10 प्रतिशत हिस्सा विद्यालय पर खर्च करती हैं। आज यहां 28 बच्चे पढ़ते हैं (Sarkari School In Uttarakhand) कुसुमलता उत्तराखंड की रहने वाली हैं। वो 1999 से पढ़ाने का काम ... Read more

लड़कियों को सरकार का तोहफा: शिक्षण संस्थानों में शौचालय निर्माण, भवन मरम्मत और रखरखाव के लिए 250 करोड़ की मंजूरी

जयपुर। उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि प्रदेश के राजकीय शिक्षण संस्थानों में बालिकाओं के लिए शिक्षा और शिक्षण का बेहतर वातावरण तैयार किया जाना बहुत आवश्यक है। इसके लिए राजकीय शिक्षण संस्थानों में भवनों की मरम्मत, टॉयलेट्स के निर्माण और कई विभागों के अंतर्गत संचालित छात्रावास और आवासीय विद्यालयों में सुविधाओं के उन्नयन, मरम्मत व रखरखाव के लिए 250 करोड रुपए की राशि स्वीकृत की गई है। स्कूल बैग, किताबें और यूनिफॉर्म के लिए 1000 रुपये प्रति वर्षदिया ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के परिवारों की बालिकाओं को संबल प्रदान करना, शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना ... Read more

अंतरराष्टÑीय महिला दिवस विशेष : बुलंद हौसलों वाली शोभा कंवर ने बदली स्कूल की हालत

बून्दी। जिसने कभी खुद पढ़ाई के लिए संघर्ष किया, वो बन रही है अब उन बच्चों की मददगार जो किसी कारणवश पढ़ाई बीच मे छोड़ देते हैं, ऐसा कहना है केबीसी वाली मेम शोभा कंवर का। बचपन में 8 वीं के बाद दादीसा ने कहा पढ़ाई छोड़ दो, वो तो मां ने साथ दिया और हायर सेकंडरी कर के एसटीसी की। जीवन के लिए भी संघर्ष करते हुए सोलह-सत्रह वर्ष की उम्र में हार्ट के वॉल्व का आॅपरेशन करवा कर मौत से दो-दो हाथ भी किये। शादी के बाद फिर से पढ़ाई के लिए संघर्ष और 16 साल बाद बिना ... Read more