Tag: school building

शिक्षा का मंदिर बदहाल: हाथों में किताब, सिर पर खुला आसमां

 कामखेड़ा। प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को दूरुस्त करने के वादे किए जा रहे है, लेकिन राजकीय प्राथमिक विद्यालय खेजडा की तस्वीरें कुछ और हकीकत बयान कर रही हैं। ये  मामला मनोहरथाना ब्लॉक के राजकीय प्राथमिक विद्यालय खेजडा गांव के सरकारी स्कूल है। जमीन पर बैठे बच्चे, हाथों में किताब और सिर पर खुला आसमान… ये तस्वीर यह बताने के लिए काफी हैं कि यहां के सरकारी स्कूल में बच्चे किन हालातों में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।  राजकीय प्राथमिक विद्यालय खेजडा का भवन जर्जर होने के कारण स्कूल के बच्चे ं स्कूल के सामने खुले आसमान के नीचे बैठकर पढाई ... Read more

असर खबर का – जिला शिक्षा अधिकारी ने जारी किए जांच के आदेश

मोईकलां। सुल्तानपुर के दरबीजी सरकारी विद्यालय में घटी दर्दनाक घटना जिसमें शौचालय की जर्जर दीवार गिरने से एक मासूम बच्ची की मौत हो गई थी, के बाद मोईकलां में भी पुराने राजकीय विद्यालय के जर्जर हो चुके भवन पर दैनिक नवज्योति में तीन फरवरी को स्टोरी प्रकाशित होने के बाद हरकत में आते हुए जिला शिक्षा अधिकारी कृष्णकांत शर्मा ने ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को सांगोद व कनवास क्षेत्र में जर्जर विद्यालय भवनों व कक्षा-कक्षों की जांच के आदेश जारी किए हंै। अतिरिक्त खण्ड शिक्षा अधिकारी सांगोद कृष्ण कुमान सक्सेना ने त्वरित कार्यवाही करते हुए खण्ड के समस्त विद्यालय प्रधनाचार्यों को ... Read more

स्कूल मर्ज होने के बाद भवन बना मवेशियों का ठिकाना

देई। बच्चों के शोरगुल से गंूजने वाला स्कूल भवन अब मवेशियों का ठिकाना बन गया है। जिम्मेदारों की उदासीनता के चलते क्षेत्र की भजनेरी पंचायत मुख्यालय के राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल का भवन मर्ज होने के बाद इस हालात में पहुंच गया है। बरामदे से लेकर कमरों तक फर्श पर गोबर फैला जमा है। जिससे भवन में गोबर ही गोबर फैला रहता है। स्कूल भवन के कई कमरे के गेट टूटे हुए है जिनको समाजकंटक लेकर चले गये है। इसी तरह के हालात बने रहे तो भवन शीघ्र ही भवन जर्जर अवस्था में पहुंच जायेगा। ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग के ... Read more

खस्ताहाल शिक्षा का मंदिर: मासूमों की जिंदगी पर संकट

मनोहरथाना। मनोहरथाना ब्लॉक में शिक्षा के मंदिर पूरी तरह से बदहाली का शिकार हो चुके हैं। मनोहरथाना ब्लॉक स्थिति राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय हरिपुरा में बने कमरों और बरामदों की छत पूरी तरह से जर्जर हो चुकी है। छत कब गिर जाए कुछ कहा नहीं जा सकता है जिससे  मासूमों की जिंदगी पर मौत का संकट मंडरा रहा है लेकिन शिक्षा विभाग के अफसरों का  इस ओर कोई ध्यान नहीं है। इस सरकारी स्कूल में शिक्षा के नाम पर मासूमों को मौत के मुंह में धकेलने का काम चल रहा है लेकिन शिक्षा विभाग के अधिकारी आंख मूंद कर बैठे ... Read more

मौत के साए में पढ़ाई को मजबूर नौनिहाल

मनोहरथाना। जहां एक और राज्य सरकार प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को दूरुस्त करने का वादा कर रही है लेकिन मनोहर थाना ब्लॉक के राजकीय प्राथमिक विद्यालय मोतीपुरा की तस्वीरें कुछ और हकीकत बयान कर रही हैं। राजकीय प्राथमिक विद्यालय मोतीपुरा  गांव का सरकारी स्कूल है जहां जमीन पर बैठे बच्चे, हाथों में किताब और सिर पर खुला आसमान। ये तस्वीर यह बताने के लिए काफी हैं कि यहां के सरकारी स्कूल में बच्चे किन हालातों में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। दरअसल इस स्कूल का भवन  पूरा भवन जर्जर हो चुका है। इस वजह से स्कूल के विद्यार्थी खुले आसमान ... Read more

जर्जर हालत: विद्यालय भवन की दीवार दरकी

हरनावदाशाहजी। हरनावदाशाहजी क्षेत्र के कुम्भाखेड़ी ग्राम पंचायत स्तर पर संचालित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में खाल की तरफ वाले दोनों कमरों के पीछे की दीवार का कुछ हिस्सा शुक्रवार को बरसात से ढह गया। दीवार लगभग 10 फीट लम्बाई में दरकने की जानकारी सामने आई है। ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय भवन जर्जर अवस्था में है। अधिकारी आते हैं और खानापूर्ति करके चले जाते हैं। अधिकारियों की अनदेखी के चलता यहां कभी भी बढ़ा हादसा हो सकता है। एक ओर राज्य सरकार शिक्षा के लिए नवाचार के प्रयास कर रही है। ढांचागत सुविधाओं के नाम पर घोषणाओं का अम्बार लग ... Read more

असर खबर का – हरकत में आए शिक्षा विभाग के अधिकारी

मनोहरथाना।  मनोहरथाना ब्लॉक के राजकीय प्राथमिक विद्यालय आफूखेड़ी में 10 सालों से विद्यालय भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त होने के कारण गांव के बच्चे एक चबूतरे पर शिक्षा ग्रहण करने को मजबूर है। वहीं विद्यालय में राज्य सरकार द्वारा दी जाने वाला राशि से भी बच्चो के खेल की  और विद्यालय में कोई भी सामग्री अध्यापक द्वारा नहीं खरीदी गई और पैसे उठा लिए। वहीं विद्यालय में ना तो खेल का सामान हैं इस खबर को लेकर दैनिक नवज्योति टीम ने मुद्दा उठाया था। 1 मई को शिक्षा का मंदिर खंडहर में तब्दील,सात सालों से टीन शेड के नीचे पढ़ ... Read more

शिक्षा का मंदिर खंडहर में तब्दील: सात सालों से टीन शेड के नीचे पढ़ाई कर रहे विद्यार्थी

मनोहरथाना। मनोहरथाना से 15 किलोमीटर दूर राजकीय प्राथमिक आफूखेड़ी का भवन जर्जर हो चुका है। ऐसे में 7  सालों से आफूखेड़ी गांव के बच्चों को गांव में  एक घर के बाहर चबूतरे पर बैठ कर शिक्षा ग्रहण करने को मजबूर है। वैसे तो स्कूल में 25 बच्चों का नामांकन है और यहां महज एक ही अध्यापक बच्चों को पढ़ाता है। स्कूल भवन के दरवाजे और खिड़कियां तक नहीं है। स्कूल भवन खंडहर प्रतित होता है। विगत दस सालों से स्कूल भवन बदहाल स्थिति में है। ग्रामीण बताते है कि शिक्षा विभाग के अधिकारी आंखें मूंदे बैठे है। ऐसे में बच्चों ... Read more